मॉरीशस में जन्मे हिंदू संत अग्नि स्नान की जानकारी मिलने पर ईडाणा माताजी पहुंचे

मेवाड़ी खबर@उदयपुर ।मॉरीशस में जन्मे हिंदू मूल के जगद्गुरु विश्वानंद जी महाराज उदयपुर संभाग के प्रसिद्ध शक्तिपीठ ईड़ाणामाता मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने शक्तिपीठ के दर्शन के साथ ही माताजी की आरती की। जगद्गुरु विश्वानंद को महामंडलेश्वर की उपाधि दी हुई है। उनके आश्रम 50 से अधिक देशों में हैं। वे आध्यात्मिक सत्संग और प्रवचनों के जरिए सनातन धर्म का प्रचार कर रहे हैं। भारत में उनके आश्रम पंढरपुर, महाराष्ट्र और वृंदावन, उत्तर प्रदेश में हैं। वर्तमान में वे वृंदावन से पंढरपुर की यात्रा पर हैं। उनके साथ जर्मनी और अन्य देशों के 55 विदेशी भक्त भी हैं। यात्रा के दौरान उन्हें श्री ईडाणा माताजी के अग्नि स्नान की महिमा की जानकारी मिली। इसके बाद वे यूरोप के भक्तों के साथ माताजी के दर्शन के लिए पहुंचे। वहां उन्होंने आरती में भाग लिया। ट्रस्ट मंडल ने उनका स्वागत किया। ट्रस्ट आचार्य अंबालाल शर्मा ने माताजी की महिमा का वर्णन किया। महाराष्ट्र से आए एक व्यक्ति ने इसे अंग्रेजी में अनुवाद कर विदेशी भक्तों को समझाया। भक्तों ने भजन प्रस्तुत किए। ट्रस्ट कार्यकारिणी ने महाराष्ट्र का चरण वंदन और अभिनंदन किया। सभी भक्तों का तिलक और उपरणा पहनाकर स्वागत किया गया।